चंडीगढ़, 12 जनवरी : पंजाब के पशुपालन, डेयरी विकास एवं मत्स्य पालन मंत्री स गुरमीत सिंह खुड्डियां ने घोषणा की कि पंजाब सरकार की ओर से माघी के अवसर पर श्री मुक्तसर साहिब में विशाल पारंपरिक पशु और घोड़े का मेला ‘घोड़ा मंडी’ आयोजित किया जाएगा। यह आयोजन राज्य की समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं और पशुधन आधारित अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने के लिए किया जा रहा है।
70 एकड़ क्षेत्र में लगेगा विशाल मेला
खुड्डियां ने बताया कि श्री मुक्तसर साहिब के लंबी ढाब क्षेत्र में स्थित औद्योगिक फोकल प्वाइंट में 70 एकड़ क्षेत्र में यह मेले का आयोजन होगा। इस मेले में पंजाब भर से ब्रीडर्स, व्यापारी, और पशु प्रेमी बड़ी संख्या में हिस्सा लेने के लिए पहुंचेंगे। घोड़ा मंडी के दौरान मारवाड़ी, नुकरा और अन्य श्रेष्ठ नस्लों के घोड़ों का भव्य प्रदर्शन किया जाएगा। इसके साथ ही, दुर्लभ नस्लों के अन्य पशु और जानवर भी इस मेले में शामिल होंगे। मेले में पशुपालन से जुड़ी श्रेष्ठ कार्यप्रणालियों का प्रदर्शन भी किया जाएगा, जो राज्य में कृषि और पशुपालन की प्रगति का प्रमाण होगा।
पशु कल्याण के लिए विशेष प्रबंध
पशुपालन मंत्री ने बताया कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में राज्य सरकार पशुधन के कल्याण के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। मेले में सभी पशुओं की भलाई सुनिश्चित करने के लिए विशेष वेटरनरी टीम तैनात की गई है। मंत्री ने कहा, “घोड़ा मंडी सिर्फ एक बाजार नहीं, बल्कि हमारी सांस्कृतिक विरासत और पशुधन के कल्याण का प्रतीक है।”
मेले के परिसर में एक अस्थायी वेटरनरी डिस्पेंसरी स्थापित की गई है, जो पशुओं को 24 घंटे उपचार सेवाएं प्रदान करेगी। इसके अलावा, डॉ. गुरदित्त सिंह के नेतृत्व में 40 सदस्यीय विशेष वेटरनरी टीम की तैनाती की गई है, जो पशुओं के स्वास्थ्य पर निगरानी रखेगी और किसी भी बीमारी के प्रसार को रोकने के लिए सक्रिय कदम उठाएगी।
पशुपालकों से अपील
खुड्डियां ने पशुपालकों से अपील की कि वे केवल स्वस्थ पशु ही मेले में लाएं। उन्होंने कहा, “हमारे पशुओं का स्वास्थ्य सबसे महत्वपूर्ण है। यदि किसी पशुपालक को अपने पशु में बीमारी के लक्षण दिखाई दें, तो उन्हें पहले अपने स्थानीय पशु चिकित्सक से मार्गदर्शन लेना चाहिए।” पशु प्रेमियों और पशुपालकों में इस मेले को लेकर भारी उत्साह है, और कई पशुपालक पहले ही अपने पशुओं के साथ मेले स्थल पर पहुंच चुके हैं। मंत्री ने कहा, “इस मंडी में हजारों पशुओं के आगमन की उम्मीद है, जो पंजाब के पशुधन क्षेत्र की समृद्धि को दर्शाता है।”
सांस्कृतिक अनुभव और व्यापारिक अवसर
पशुपालन विभाग के प्रमुख सचिव श्री राहुल भंडारी ने कहा, “यह मेला न केवल ग्रामीण अर्थव्यवस्था को गति देगा, बल्कि व्यापार को बढ़ावा देने और नागरिकों को एक आकर्षक सांस्कृतिक अनुभव प्रदान करने का एक महत्वपूर्ण अवसर है।”
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