February 8, 2026

सीबीएसई को झटका: अतिरिक्त विषय सुविधा खत्म करने वाली अधिसूचना रद्द

सीबीएसई को झटका: अतिरिक्त विषय सुविधा...

नई दिल्ली, 7 फरवरी : दिल्ली हाई कोर्ट ने केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) की उन दो नई अधिसूचनाओं को रद्द कर दिया है, जिनके जरिए वर्ष 2025 में 12वीं पास छात्रों के लिए निजी उम्मीदवार के रूप में अतिरिक्त विषय की परीक्षा देने की सुविधा समाप्त कर दी गई थी। जस्टिस जसमीत सिंह ने छात्रों की याचिकाएं स्वीकार करते हुए कहा कि सीबीएसई का यह फैसला मनमाना है और इसे पिछली तारीख से लागू नहीं किया जा सकता। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि किसी भी नियम या नीति में बदलाव बिना उचित सूचना के नहीं किया जा सकता।

नीति में बदलाव केवल भविष्य में लागू होगा

अदालत ने कहा कि किसी भी नीति में संशोधन केवल भविष्य की तारीख से ही लागू हो सकता है, न कि उन छात्रों पर जिन्होंने पहले से मौजूद नियमों के भरोसे अपने शैक्षणिक निर्णय लिए हों। कोर्ट ने कहा कि यह संशोधन सितंबर 2025 में सार्वजनिक किया गया, जबकि याचिकाकर्ता छात्रों ने मई 2025 में 12वीं की परीक्षा पास कर ली थी और वे उस समय लागू नीति के अनुसार आगे की योजना बना चुके थे।

गैप लेने वाले छात्रों को राहत

याचिकाकर्ता छात्रों ने बताया कि उन्होंने 12वीं पास करने के बाद एक साल का गैप लिया था, क्योंकि सीबीएसई के नियमों के तहत दो साल के भीतर अतिरिक्त विषय देने की अनुमति थी। लेकिन सितंबर 2025 में अचानक यह सुविधा खत्म कर दी गई। हाई कोर्ट ने कहा कि छात्रों की यह अपेक्षा बिल्कुल जायज थी कि उन्हें पहले जैसी सुविधा मिलती रहे। बिना पूर्व सूचना इस सुविधा को समाप्त करना प्रशासनिक मनमानी है।

तीन दिन में पंजीकरण का आदेश

छात्रों को राहत देते हुए अदालत ने सीबीएसई को निर्देश दिया कि वह तीन दिनों के भीतर याचिकाकर्ता छात्रों का पंजीकरण सुनिश्चित करे, ताकि वे अतिरिक्त विषय की परीक्षा दे सकें।