मोगा, 28 जनवरी : मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने आज घोषणा की कि लाला लाजपत राय के जन्म स्थल ढुड्डीके को पूर्ण रूप से एक मॉडल गांव में तब्दील किया जाएगा, जहां सीवरेज, तालाब, खेल मैदान सहित सभी बुनियादी ढांचे को सुदृढ़ किया जाएगा। 71वें लाला लाजपत राय जन्म दिवस खेल मेले को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछली सरकारें केवल कागज़ी योजनाएं बनाती रहीं, जबकि उनकी सरकार ने राज्य के विकास के लिए एक वर्ष के भीतर ज़मीनी स्तर पर काम कर दिखाया है।
भगवंत सिंह मान ने वादा किया कि वे लाला जी के अगले जन्मदिवस पर इन सभी परियोजनाओं के पूर्ण होने के बाद पुनः यहां आएंगे। सभी सुरक्षा प्रोटोकॉल को एक ओर रखते हुए, जनता से अपनी गहरी जुड़ाव को दर्शाते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने आज यहां गांववासियों के साथ ग्रामीण खेल मेले के दौरान पंजाब केसरी लाला लाजपत राय की स्मृति में आयोजित कबड्डी और हॉकी टूर्नामेंट का आनंद लिया।
हम ज़मीनी स्तर पर काम करेंगे: मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान
मुख्यमंत्री ने युवाओं के साथ सेल्फी लेते हुए और बुजुर्गों से आशीर्वाद ग्रहण करते हुए कहा, “मैं एक आम व्यक्ति हूं और अपने भाइयों तथा बुजुर्गों के साथ इस ग्रामीण खेल मेले को देखने आया हूं, जो हमारी आत्मा का हिस्सा है। अपने लोगों के साथ मिलकर मुझे अत्यंत खुशी मिलती है।” इस दौरान रोमांचक कबड्डी मुकाबले को देखने पहुंचे दर्शकों से मिलते हुए मुख्यमंत्री ने सुरक्षा प्रोटोकॉल को दरकिनार कर खिलाड़ियों से व्यक्तिगत रूप से हाथ मिलाया, जो जनता के साथ उनके गहरे जुड़ाव को दर्शाता है। इस अवसर पर भीड़ ने जोरदार तालियों के साथ उनका स्वागत किया।
उन्होंने कहा, “यह आयोजन पंजाब के महान स्वतंत्रता सेनानी लाला लाजपत राय के जन्मदिवस की स्मृति में आयोजित टूर्नामेंट का हिस्सा है।” उन्होंने कहा कि भारतीय स्वतंत्रता संग्राम में अहम भूमिका निभाने वाले इस महान राष्ट्रवादी की विरासत युवाओं को सदैव प्रेरित करती रहेगी।
71वें ‘लाला लाजपत राय जन्म दिवस खेल मेले’
पारंपरिक लोक संगीत और उत्सवपूर्ण माहौल के बीच जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि “पंजाब की देसी खेलों को और मज़बूत करना समय की आवश्यकता है।” उन्होंने कहा कि “कबड्डी, बैलगाड़ी दौड़ और अन्य पारंपरिक खेल केवल खेल नहीं, बल्कि हमारी समृद्ध संस्कृति और विरासत का अभिन्न अंग हैं।” भगवंत सिंह मान ने कहा, “ये खेल पंजाबियों की भावना, शक्ति और एकता को दर्शाते हैं और पीढ़ी दर पीढ़ी आगे बढ़ते आए हैं।”
खेलों को बढ़ावा देने के प्रति राज्य सरकार की प्रतिबद्धता दोहराते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार खेल क्षेत्र में पंजाब की प्राचीन शान को पुनः स्थापित करने के लिए कोई कसर नहीं छोड़ेगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार यह सुनिश्चित करेगी कि पारंपरिक खेल एक बार फिर फले-फूले और गांवों के युवाओं को आगे बढ़ने का मंच मिले। मुख्यमंत्री ने लोगों को कीला रायपुर में आयोजित होने वाले प्रतिष्ठित मिनी ओलंपिक में भाग लेने का निमंत्रण देते हुए बताया कि ये खेल 31 जनवरी से शुरू होंगे।

More Stories
लुधियाना से गुजरात जा रही पंजाब मार्का शराब से भरा ट्रक राजस्थान में जब्त
मुख्यमंत्री मान का डेरा सियासत पर तंज, एक्स पोस्ट से मचा सियासी हलचल
ए.आई. के दुरुपयोग से बनाई आपत्तिजनक तस्वीरें, रिश्तेदार दंपती पर आरोप