चंडीगढ़, 17 अक्तूबर : पंजाब सरकार लुधियाना के विवादित सिटी सेंटर को निपटाने की जल्दी में दिख रही है, लेकिन सिटी सेंटर की बकाया राशि ज़्यादा होने के कारण मामला अटका हुआ है। उद्योग मंत्री संजीव अरोड़ा की अध्यक्षता में आज यहाँ हुई बैठक में लुधियाना के सिटी सेंटर को लेकर लंबी चर्चा हुई। अरोड़ा ने इस सिटी सेंटर के निपटारे के लिए कहा है। बैठक के दौरान पता चला कि सिटी सेंटर के लिए तैनात किए गए आर्बिट्रेटर (सलाहकार) ने ठेकेदार से 1050 करोड़ रुपए मांगे हैं।
पंजाब सरकार अब इस भुगतान आदि को लेकर कानूनी कार्रवाई करने पर विचार कर रही है। गौरतलब है कि कैप्टन सरकार के दौरान लुधियाना नगर सुधार ट्रस्ट ने पक्खोवाल रोड पर 25 एकड़ ज़मीन पर सिटी सेंटर शुरू किया था। 2007 में विजिलेंस ने सिटी सेंटर घोटाले में कैप्टन अमरिंदर सिंह समेत तीन दर्जन लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया था और 2017 में ठोस सबूतों के अभाव का हवाला देकर केस बंद कर दिया था। राज्य सरकार अब इस बेहद कीमती जगह को बेचने पर विचार कर रही है।
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