April 7, 2026

मध्य प्रदेश के पीथमपुर में औद्योगिक संकट, 5600 फैक्ट्रियां बंदी के कगार पर

मध्य प्रदेश के पीथमपुर में औद्योगिक...

इंदौर, 5 अप्रैल : इंदौर के पास स्थित पीथमपुर औद्योगिक क्षेत्र, जिसे मध्य प्रदेश का ‘डेट्रॉइट’ कहा जाता है, इस समय गंभीर आर्थिक संकट से गुजर रहा है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बढ़ते ईरान-इज़राइल-अमेरिका तनाव का सीधा असर यहां के उद्योगों पर देखने को मिल रहा है।

उद्योगपतियों के अनुसार, निर्यात लगभग पूरी तरह ठप हो चुका है। कच्चे माल की बढ़ती कीमतें और अंतरराष्ट्रीय शिपिंग संकट के कारण उत्पादन में भारी गिरावट आई है। इसके चलते रोजगार पर भी गहरा असर पड़ा है।

स्थिति इतनी खराब हो चुकी है कि करीब 5600 फैक्ट्रियां बंद होने की कगार पर हैं। अब तक लगभग 20,000 ठेका मजदूरों की नौकरी जा चुकी है, जबकि करीब 30,000 स्थायी कर्मचारियों की सैलरी आधी कर दी गई है। कई कंपनियों ने काम के घंटे और शिफ्ट्स भी घटा दी हैं।

ईरान-इज़राइल-अमेरिका तनाव का असर

सबसे ज्यादा असर अस्थायी मजदूरों पर पड़ा है, जो बाहर से काम के लिए पीथमपुर आते हैं। गैस सिलेंडर जैसी जरूरी चीजों की कीमत बढ़ने और सप्लाई बाधित होने से उनकी परेशानी और बढ़ गई है।

मजदूरों का कहना है कि कच्चे माल की महंगाई के कारण कई फैक्ट्रियों में काम अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया है, जिससे उन्हें नौकरी से निकाल दिया गया। पीथमपुर इंडस्ट्रियल एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने सरकार से जल्द हस्तक्षेप की मांग की है। उनका कहना है कि यदि हालात जल्दी नहीं सुधरे, तो औद्योगिक क्षेत्र में संकट और गहरा सकता है, जिसका असर प्रदेश की अर्थव्यवस्था पर भी पड़ेगा।