चंडीगढ़, 13 अक्तूबर : पंजाब कैबिनेट की एक अहम बैठक सोमवार को मुख्यमंत्री भगवंत मान की अगुवाई में हुई। यह बैठक दोपहर 3 बजे चंडीगढ़ स्थित पंजाब सिविल सचिवालय-3 में बुलाई गई थी। इसके बाद कैबिनेट मंत्री हरपाल चीमा, हरदीप सिंह मुंडिया और बरिंदर कुमार गोयल बैठक में लिए गए कई बड़े फैसलों के बारे में पंजाब भवन में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर रहे हैं।
प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने कहा कि पंजाब की 6 जेलों में खोजी कुत्ते रखे जाएँगे, जिसके लिए सीएम मान ने मंज़ूरी दे दी है। इन जेलों की सुरक्षा को और मज़बूत किया जाएगा। एनजीटी ने मंडी गोबिंदगढ़, खन्ना क्षेत्र की रोलिंग मिलों में कोयले के इस्तेमाल पर रोक लगा दी थी, जिसके कारण उन्हें तकनीकी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा था।
उद्योग जगत को इस समस्या से बड़ी राहत
एनजीटी के समक्ष अपनी बात रखने के लिए तीन मंत्रियों की एक सब-कमेटी बनाई गई है ताकि आने वाले समय में उद्योग जगत को इस समस्या से बड़ी राहत मिले। एक और फ़ैसले पर मुहर लगाते हुए सीएम मान ने बाढ़ पीड़ितों को 20,000 रुपये प्रति एकड़ और जिनके घर तबाह हो गए हैं उन्हें 40,000 रुपये मुआवज़ा दिया जाएगा। पंजाब के बड़े मेगा हाउस प्रोजेक्ट्स को एकमुश्त पाँच साल के लिए एक्सटेंशन मिलेगा। एक बार में केवल 25 एकड़ का ही एक्सटेंशन होगा। प्रति एकड़ 25,000 रुपये का शुल्क लिया जाएगा। इस तरह लोगों को होने वाली असुविधा भी रुकेगी।
एक अन्य निर्णय में, पंजाब मंत्रिमंडल ने बहुमंजिला फ्लैटों के निर्माण हेतु ग्रुप हाउसिंग स्कीम को मंज़ूरी दे दी है। सहकारी गृह निर्माण समितियों को भूमि आवंटित करने का निर्णय लिया गया है। उन्हें आरक्षित मूल्य पर आवंटित भूमि का कुल भुगतान तीन महीने के भीतर करना होगा। इसके बाद ही उन्हें अधिकार दिए जाएँगे।
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