March 7, 2026

नेपाल चुनाव में बड़ा उलटफेर, रैपर बालेन्द्र शाह प्रधानमंत्री बनने के करीब

नेपाल चुनाव में बड़ा उलटफेर, रैपर बालेन्द्र...

नई दिल्ली, 7 मार्च : पिछले साल नेपाल में हुई बगावत, जिसमें 77 लोगों की मौत हुई थी और तत्कालीन प्रधानमंत्री के.पी. शर्मा ओली को इस्तीफा देना पड़ा था, उसके बाद हुए आम चुनावों में बड़ा राजनीतिक बदलाव देखने को मिल रहा है। नेपाल के लोकप्रिय रैपर और काठमांडू के पूर्व मेयर बालेन्द्र शाह अब प्रधानमंत्री बनने के बेहद करीब पहुंच गए हैं। बालेन्द्र शाह की राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी (RSP) चुनाव में मजबूत स्थिति में नजर आ रही है।

पार्टी लगभग 104 सीटों पर बढ़त बनाए हुए है और अपने प्रमुख प्रतिद्वंद्वियों से काफी आगे निकल चुकी है। नेपाल के चुनाव आयोग के अनुसार 165 में से 144 सीटों के रुझान सामने आ चुके हैं।

अन्य दल काफी पीछे

अब तक के रुझानों में आरएसपी तीन सीटें जीत चुकी है और 104 पर आगे चल रही है। नेपाली कांग्रेस ने दो सीटें जीती हैं और 12 पर बढ़त बनाए हुए है। वहीं सीपीएन-यूएमएल 10 सीटों पर आगे है, जबकि नेपाली कम्युनिस्ट पार्टी एक सीट जीतकर छह पर आगे चल रही है।

नेपाल में मजबूत सरकार की संभावना

राजनीतिक रूप से संवेदनशील नेपाल में इस बार एक मजबूत सरकार बनने की संभावना जताई जा रही है। पिछले 18 वर्षों में देश में 14 सरकारें बन चुकी हैं, जिससे राजनीतिक अस्थिरता बनी रही है। पिछले साल सितंबर में युवाओं द्वारा की गई बगावत के करीब पांच महीने बाद बालेन्द्र शाह अब प्रधानमंत्री पद के काफी करीब पहुंच गए हैं। नेपाल में 165 सीटों का फैसला सीधे मतदान से और 110 सीटों का अनुपातिक प्रतिनिधित्व प्रणाली से होगा। अंतिम नतीजे कुछ दिनों में घोषित होने की उम्मीद है।

कांग्रेस ने हार स्वीकार की

दूसरे स्थान पर चल रही नेपाली कांग्रेस ने पहले ही हार स्वीकार कर ली है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि आरएसपी का दबदबा इस बात का संकेत है कि अगली सरकार उसी की बनने वाली है। बालेन्द्र शाह की पार्टी ने अपने घोषणापत्र में बेरोजगारी कम करने, प्रति व्यक्ति आय बढ़ाने और प्रशासनिक सुधार लागू करने का वादा किया है। अगर शाह सत्ता में आते हैं तो यह एक ऐसे व्यक्ति का नाटकीय उभार होगा, जिसने सरकार की नीतियों की आलोचना करते हुए रैप संगीत से लोकप्रियता हासिल की और फिर देश के सर्वोच्च राजनीतिक पद तक पहुंच गया।

मेयर के रूप में काम से मिली पहचान

काठमांडू के मेयर के रूप में शाह के काम ने उन्हें देशभर में पहचान दिलाई। 2022 में राजनीति में आने के बाद उन्होंने राजधानी के शहरी ढांचे को सुधारने पर जोर दिया। कचरा प्रबंधन और स्वास्थ्य सेवाओं में भी सुधार किया गया। आम चुनाव लड़ने के लिए उन्होंने जनवरी में मेयर पद से इस्तीफा दे दिया था।

भारत की नजर चुनाव पर

भारत भी नेपाल के चुनावों पर करीबी नजर बनाए हुए है। भारत को उम्मीद है कि एक मजबूत सरकार दोनों देशों के रिश्तों को और मजबूत करेगी। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जयसवाल ने कहा कि भारत नेपाल की नई सरकार के साथ मिलकर बहुआयामी संबंधों को आगे बढ़ाने का इच्छुक है और हमेशा शांति, प्रगति और स्थिरता का समर्थन करता रहा है।

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