April 12, 2026

पंजाब में बेटियों का कमाल: 8वीं मेरिट में 19/20 स्थान पर कब्जा

पंजाब में बेटियों का कमाल...

चंडीगढ़, 12 अप्रैल: पंजाब में शिक्षा क्षेत्र में बड़े बदलाव के सकारात्मक नतीजे सामने आ रहे हैं। Bhagwant Singh Mann ने बताया कि पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड की आठवीं कक्षा के परिणामों में बेटियों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए टॉप 20 में से 19 स्थान हासिल किए हैं।

मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि मेरिट सूची में शामिल पहले 20 विद्यार्थियों को बिना किसी प्रवेश परीक्षा के ‘स्कूल ऑफ एमिनेंस’ में सीधे दाखिला दिया जाएगा। यह कदम प्रतिभाशाली छात्रों को बेहतर और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से उठाया गया है।

टॉपर्स को सम्मान और नकद इनाम

चंडीगढ़ स्थित अपने आवास पर मुख्यमंत्री ने शीर्ष विद्यार्थियों से मुलाकात की और पहले तीन स्थान प्राप्त करने वाले छात्रों को 50-50 हजार रुपये का नकद पुरस्कार दिया। इस दौरान उन्होंने विद्यार्थियों के माता-पिता और शिक्षकों को भी बधाई दी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि इस साल के परिणाम इस बात का प्रमाण हैं कि आम परिवारों के बच्चे भी शिक्षा के क्षेत्र में नए मानक स्थापित कर रहे हैं। पहले स्थान पर ईंट-भट्ठे पर काम करने वाले कर्मचारी की बेटी रही, जबकि दूसरे और तीसरे स्थान पर भी साधारण परिवारों की बेटियां रहीं। Bhagwant Singh Mann ने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि वे सही रोल मॉडल चुनें, नम्र रहें और कड़ी मेहनत करें। उन्होंने कहा कि सफलता के लिए अनुशासन और निरंतर प्रयास बेहद जरूरी हैं।

सरकारी स्कूल बने राष्ट्रीय रोल मॉडल

मुख्यमंत्री ने बताया कि पंजाब के सरकारी स्कूलों में बड़े स्तर पर सुधार किए गए हैं, जिससे राज्य शिक्षा के क्षेत्र में राष्ट्रीय स्तर पर एक रोल मॉडल बनकर उभरा है। उन्होंने कहा कि सरकार हर बच्चे को आधुनिक सुविधाएं और बेहतर माहौल देने के लिए प्रतिबद्ध है।

करीब 2.62 लाख विद्यार्थियों ने इस परीक्षा में भाग लिया था। मुख्यमंत्री ने कहा कि विद्यार्थियों का आत्मविश्वास और प्रदर्शन यह दर्शाता है कि शिक्षा में लगातार निवेश से सकारात्मक बदलाव संभव है।

मुख्यमंत्री ने खास तौर पर इस उपलब्धि को ऐतिहासिक बताया कि पहली बार टॉप 20 में 19 स्थान लड़कियों ने हासिल किए हैं। उन्होंने कहा कि यह बेटियों के मजबूत इरादों और मेहनत का परिणाम है, जो यह साबित करता है कि वे किसी भी क्षेत्र में पीछे नहीं हैं।