April 30, 2026

पंजाब में बिजली कटौती से परेशान किसानों ने किया कई जिलों में धरना प्रदर्शन

पंजाब में बिजली कटौती से परेशान किसानों ने...

चंडीगढ़, 30 अप्रैल : पंजाब में बढ़ती बिजली कटौती के विरोध में किसान सड़कों पर उतर आए हैं। भारतीय किसान यूनियन (क्रांतिकारी) के नेतृत्व में राज्य के लगभग दर्जनभर स्थानों पर पावरकॉम (बिजली विभाग) के दफ्तरों के बाहर प्रदर्शन किए गए। मोगा, बाघा पुराना, फिरोजपुर, जीरा, समाना, बटाला, मौड़, रामपुरा, भगता, मानसा, फरीदकोट और अजनाला में किसानों ने धरना देकर सरकार के खिलाफ रोष जताया।

यूनियन के प्रदेश अध्यक्ष बलदेव सिंह जीरा ने कहा कि आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार ने राज्य में बिजली सरप्लस होने के बड़े-बड़े दावे किए थे, लेकिन गर्मी की शुरुआत में ही ये दावे खोखले साबित हो रहे हैं। गांवों में लंबे-लंबे बिजली कट लग रहे हैं और कई जगह पूरी रात बिजली नहीं आती, जिससे लोगों का जीवन प्रभावित हो रहा है।

खेती पर पड़ रहा असर, फसलें सूखने का खतरा

किसान नेताओं ने कहा कि बिजली की कमी का सीधा असर खेती पर पड़ रहा है। खेतों में लगी मोटरों को समय पर बिजली नहीं मिल रही, जिसके कारण बरसीम, टांडी, मक्की समेत कई फसलें सूखने की कगार पर हैं। किसानों ने आरोप लगाया कि एक तरफ केंद्र सरकार बिजली संशोधन बिल के जरिए बिजली बोर्ड को निजी हाथों में देने की तैयारी कर रही है, वहीं पंजाब सरकार बिजली विभाग में कर्मचारियों की भर्ती नहीं कर रही। इससे हालात और खराब हो रहे हैं।

किसान यूनियन ने मांग की है कि दिन के समय बिजली कटौती कम की जाए और रात में बिल्कुल भी कटौती न हो। इसके अलावा कृषि मोटरों के लिए कम से कम 8 घंटे बिजली आपूर्ति सुनिश्चित की जाए।

बड़े आंदोलन की चेतावनी

किसान नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि बिजली कटौती पर जल्द काबू नहीं पाया गया, तो अन्य किसान संगठनों के साथ मिलकर बड़ा आंदोलन शुरू किया जाएगा। प्रदर्शन के दौरान गुरप्रीत सिंह फरीदेवाला, गुरभाग सिंह मरूड़, जगमोहन सिंह कंग, गुरदीप सिंह वैरोके, जसविंदर सिंह गुरूसर, गुरनाम सिंह ढैठल, रणजीत सिंह स्वाजपुर, जरनैल सिंह कालेके, सुखविंदर कौर रामपुरा और कुलविंदर सिंह सहित कई नेताओं ने संबोधित किया।