चंडीगढ़, 25 जून : शिरोमणि अकाली दल के अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल ने आम आदमी पार्टी के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार द्वारा 10 प्रमुख विभागों को चलाने के लिए पंजाब विकास आयोग (पीडीसी) में 22 बाहरी लोगों की सीधी भर्ती की कड़ी निंदा की है। बादल ने कहा कि आप संयोजक अरविंद केजरीवाल ईस्ट इंडिया कंपनी की तरह पंजाब को चलाना चाहते हैं।
बादल ने कहा कि आप हाईकमान इस अवैध और असंवैधानिक पंजाब विकास आयुक्त (पीडीसी) के गठन के माध्यम से न केवल पूरी बागडोर अपने हाथ में लेने की कोशिश कर रहा है, बल्कि सलाहकारों को 3.30 लाख रुपये प्रति माह और डिजिटल और संचार अधिकारियों को 2.65 लाख रुपये प्रति माह वेतन देकर पंजाब के खजाने को भी लूट रहा है।
पंजाब का खजाना लूटने में लगे केजरीवाल
सुखबीर बादल ने कहा कि केजरीवाल नए-नए तरीकों से पंजाब का खजाना लूटने में लगे हैं। उन्होंने कहा कि इन विभागों में कृषि, नौकरियां और अर्थव्यवस्था, शिक्षा और कौशल, स्वास्थ्य और सामाजिक कल्याण, बिजली, बुनियादी ढांचा, संस्कृति और पर्यटन, राज्य वित्तीय प्रबंधन, प्रशासन और निगरानी और प्रशिक्षण शामिल हैं। उन्होंने कहा कि हैरानी की बात यह है कि इस भर्ती अधिसूचना में पंजाबी भाषा का ज्ञान या पंजाबियों को वरीयता जैसी कोई बात शामिल नहीं है, जिससे आप हाईकमान के करीबी लोगों की भर्ती का रास्ता साफ हो गया है।
पहले दिल्ली को ठगा किया अब पंजाब को
उन्होंने कहा कि इससे पहले दिल्ली में भी पंजाब के मुख्यमंत्री के सलाहकारों और विभिन्न बोर्डों व निगमों के अध्यक्षों की नियुक्ति इसी प्रक्रिया के तहत की गई थी, जिसमें आप संयोजक अरविंद केजरीवाल और उनके पसंदीदा मनीष सिसोदिया के करीबी लोगों को नियुक्त किया गया था। बादल ने कहा कि केजरीवाल ने पहले दिल्ली वालों को ठगा था अब पंजाबीयों को ठग रहे हैं।
बादल ने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत मान से पहले ही उनके अधिकार छीन लिए गए हैं और मुख्य सचिव को चेयरमैन के अधिकार दे दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि अब समय आ गया है कि भगवंत मान इस्तीफा दें या फिर कड़े विरोध का सामना करने के लिए तैयार रहें, क्योंकि ‘रंगला पंजाब’ के नाम पर वह राज्य को ‘कंगला पंजाब’ बना रहे हैं।

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