चंडीगढ़, 4 जनवरी : पंजाब में अब महिलाओं का आत्मविश्वास और हौसला नई ऊँचाइयों पर पहुँचने जा रहा है। मुख्यमंत्री भगवंत मान की सोच और राज्य सरकार की प्रतिबद्धता का नतीजा है कि पंजाब में महिलाओं को सरकारी नौकरियों में 33% आरक्षण देने का ऐतिहासिक फैसला लिया गया है। यह कदम न केवल रोजगार के नए दरवाज़े खोलेगा, बल्कि पंजाब के सामाजिक और प्रशासनिक ढांचे को भी मज़बूत करेगा।
मुख्यमंत्री भगवंत मान की अध्यक्षता वाली कैबिनेट ने इस नियम को मंज़ूरी दी है। इसके तहत राज्य की सभी ग्रुप A, B, C और D कैटेगरी की नौकरियों में 33% पद महिलाओं के लिए आरक्षित रहेंगे। सोशल सिक्योरिटी, वीमेन एंड चाइल्ड डिवेलपमेंट मंत्री डॉ. बलजीत कौर ने कहा कि यह फैसला महिलाओं को रोजगार के अवसर देने के साथ-साथ प्रशासन और निर्णय लेने वाली भूमिकाओं में उनकी हिस्सेदारी भी सुनिश्चित करेगा। उनके अनुसार, इससे पंजाब का सामाजिक और प्रशासनिक ढांचा और अधिक मजबूत बनेगा।
यह पहली बार नहीं है जब महिलाओं के हक में ऐसा बड़ा कदम उठाया गया हो। इससे पहले पंजाब सरकार ने आशीर्वाद योजना के तहत गरीब और पिछड़े वर्ग की बेटियों की शादी के लिए आर्थिक मदद दी थी। हाल ही में इस योजना के लिए 13 करोड़ रुपये से अधिक की राशि जारी की गई, जिससे हज़ारों परिवारों को राहत मिली। महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में आम आदमी पार्टी सरकार ने दिल्ली में मुख्यमंत्री महिला सम्मान योजना भी शुरू की थी, जिसमें महिलाओं को मासिक आर्थिक सहायता देने की योजना बनाई गई।

More Stories
AAP ने पंजाब यूनिवर्सिटी चुनाव के लिए सांसद मीत हेयर और विधायक अमृतपाल सिंह सुखानंद को बनाया चुनाव इंचार्ज
पंजाब-चंडीगढ़ में बारिश से तापमान में गिरावट, पठानकोट में येलो अलर्ट
डेरा प्रमुख बाबा धनवंत सिंह की 10 साल की सजा बरकरार, पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने जेल भेजा