March 17, 2026

पंजाब विधानसभा में कांशीराम को भारत रत्न देने का प्रस्ताव सर्वसम्मति से पास

पंजाब विधानसभा में कांशीराम को...

चंडीगढ़, 17 मार्च : पंजाब विधानसभा ने बजट सत्र के आखिरी दिन सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित कर केंद्र सरकार से बहुजन समाज पार्टी के संस्थापक और प्रख्यात दलित नेता कांशीराम को देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मान भारत रत्न से सम्मानित करने की मांग की। इसी के साथ 6 मार्च से शुरू हुआ बजट सत्र समाप्त हो गया और स्पीकर कुलतार सिंह संधवां ने सदन को अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दिया।

CAG रिपोर्ट भी हुई पेश

सत्र के अंतिम दिन भारत के नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (CAG) की रिपोर्टें भी सदन में पेश की गईं। रूपनगर जिले में जन्मे कांशीराम की 15 मार्च को 92वीं जयंती थी। इसके एक दिन बाद विधानसभा में ‘आप’ सरकार द्वारा यह प्रस्ताव लाया गया। इस दौरान मुख्यमंत्री भगवंत मान सदन में उपस्थित नहीं थे। विपक्षी दलों कांग्रेस, शिरोमणि अकाली दल और बहुजन समाज पार्टी ने कांशीराम की सेवाओं को याद करते हुए प्रस्ताव का समर्थन किया, जबकि भाजपा विधायक सदन से अनुपस्थित रहे।

डॉ. अंबेडकर के मिशन को आगे बढ़ाया: चीमा

वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने प्रस्ताव पेश करते हुए कहा कि कांशीराम ने डॉ. भीमराव अंबेडकर के मिशन को आगे बढ़ाने में अहम भूमिका निभाई। उन्होंने यह भी बताया कि कांशीराम की जन्मभूमि के स्कूल का नाम उनके नाम पर रखा जाएगा, साथ ही 2 करोड़ रुपये की ग्रांट और एक लाइब्रेरी भी बनाई जाएगी। नेता प्रतिपक्ष प्रताप सिंह बाजवा के नेतृत्व में कांग्रेस विधायकों ने प्रस्ताव का समर्थन किया।

बाजवा ने कहा कि राहुल गांधी ने हाल ही में प्रधानमंत्री को पत्र लिखकर कांशीराम को भारत रत्न देने की मांग की थी। वहीं कैबिनेट मंत्री अमन अरोड़ा ने कहा कि ‘आप’ सुप्रीमो अरविंद केजरीवाल ने 2016 में ही कांशीराम को भारत रत्न देने की मांग उठाई थी और कांग्रेस को इस मुद्दे पर सक्रिय होने में 10 साल लग गए।

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