February 28, 2026

Iran-Israel Conflict: हमलों के बीच ईरान में फंसे कश्मीरी छात्र

Iran-Israel Conflict: हमलों के बीच...

श्रीनगर, 28 फरवरी: Iran में जारी सैन्य हमलों के बीच जम्मू-कश्मीर स्टूडेंट्स एसोसिएशन (JKSA) ने प्रधानमंत्री Narendra Modi को पत्र लिखकर तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है। संगठन ने सैन्य कार्रवाई वाले इलाकों में फंसे भारतीय छात्रों की सुरक्षित निकासी के लिए आपात कदम उठाने की अपील की है।

JKSA ने अपने पत्र में कहा कि 28 फरवरी 2026 को इज़राइली रक्षा बलों ने ईरानी क्षेत्र, खासकर राजधानी Tehran और आसपास के इलाकों में बड़े हमले किए। कई विस्फोटों की खबरें सामने आईं, जिसके बाद आपात उपाय लागू किए गए और हवाई क्षेत्र पर प्रतिबंध लगा दिया गया।

संगठन के अनुसार, तेजी से बदलते सुरक्षा हालात ने विदेशी नागरिकों, विशेषकर भारतीय छात्रों के बीच भय और अनिश्चितता का माहौल पैदा कर दिया है।

बड़ी संख्या में कश्मीरी छात्र प्रभावित

JKSA ने बताया कि ईरान के विभिन्न शहरों में हजारों भारतीय छात्र पढ़ाई कर रहे हैं, जिनमें अधिकांश कश्मीर घाटी से हैं। ये छात्र मुख्य रूप से मेडिकल शिक्षा—विशेषकर MBBS और संबंधित कोर्स—की पढ़ाई के लिए ईरानी विश्वविद्यालयों में दाखिल हैं, जहां शिक्षा अपेक्षाकृत किफायती मानी जाती है।

एडवाइजरी के बावजूद नहीं लौट पाए छात्र

संगठन के मुताबिक 23 फरवरी 2026 को जारी एक एडवाइजरी में बढ़ते तनाव के मद्देनज़र भारतीय नागरिकों को ईरान छोड़ने की सलाह दी गई थी। हालांकि, बड़ी संख्या में छात्र सेमेस्टर परीक्षाओं और ईरान में आयोजित दो महत्वपूर्ण राष्ट्रीय परीक्षाओं के कारण वापस नहीं लौट सके।

JKSA ने कहा कि छात्र दुविधा में हैं—एक ओर उनकी शैक्षणिक जिम्मेदारियां हैं, दूसरी ओर संघर्ष क्षेत्र में सुरक्षा का गंभीर खतरा।