March 16, 2026

आस्ट्रेलिया का होर्मुज जलमार्ग सुरक्षा मिशन पर अपना युद्धपोत भेजने से इनकार

आस्ट्रेलिया का होर्मुज जलमार्ग सुरक्षा मिशन...

वाशिंगटन, 16 मार्च : ऑस्ट्रेलिया ने स्पष्ट कर दिया है कि वह ईरान के साथ जारी संघर्ष के बीच होर्मुज़ जलमार्ग (Strait of Hormuz) को दोबारा खोलने के लिए अपने युद्धपोत नहीं भेजेगा। प्रधानमंत्री Anthony Albanese की कैबिनेट मंत्री Catherine King ने सरकारी प्रसारक Australian Broadcasting Corporation को दिए इंटरव्यू में कहा कि यह समुद्री रास्ता वैश्विक व्यापार के लिए बेहद महत्वपूर्ण है, लेकिन ऑस्ट्रेलिया फिलहाल इस मिशन में कोई नौसैनिक जहाज़ नहीं भेज रहा है।

दुनिया के तेल व्यापार के लिए अहम मार्ग

होर्मुज़ जलमार्ग पिछले कई हफ्तों से बंद बताया जा रहा है। यह रास्ता दुनिया के सबसे अहम ऊर्जा मार्गों में से एक है, जहां से वैश्विक स्तर पर लगभग पांचवां हिस्सा तेल और प्राकृतिक गैस का परिवहन होता है। 28 फरवरी को Iran के खिलाफ शुरू हुए सैन्य तनाव के बाद इस क्षेत्र में हालात और ज्यादा संवेदनशील हो गए हैं।

अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने रविवार को कहा कि उन्होंने होर्मुज़ जलमार्ग को खुला रखने के लिए लगभग सात देशों से अपने युद्धपोत भेजने की अपील की है। उनका कहना है कि अंतरराष्ट्रीय गठबंधन बनाकर युद्धपोतों की सुरक्षा में व्यापारिक जहाजों को इस रास्ते से सुरक्षित गुजरने दिया जा सकता है।

तेल पर निर्भर देशों की जिम्मेदारी: ट्रंप

‘एयर फोर्स वन’ में पत्रकारों से बातचीत करते हुए ट्रंप ने कहा कि China जैसे देश अपनी तेल जरूरतों के लिए लगभग 90 प्रतिशत तक इसी मार्ग पर निर्भर हैं। ऐसे में अपने हितों की रक्षा करना उनकी भी जिम्मेदारी बनती है।

उधर Iran के विदेश मंत्री Abbas Araghchi ने कहा कि यह मार्ग केवल अमेरिका और उसके सहयोगियों के लिए बंद किया गया है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि फिलहाल तेहरान Washington, D.C. के साथ किसी भी तरह की बातचीत के पक्ष में नहीं है।

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