चंडीगढ़, 15 जुलाई : पंजाब विधानसभा में बेअदबी बिल पर बड़ा फैसला लिया गया है। इस संबंध में मुख्यमंत्री भगवंत मान ने सदन में प्रस्ताव रखा कि सभी धर्मों और लोगों की राय लेने के बाद ही इस बिल पर फैसला लिया जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस बिल के लिए सभी धर्मों के संगठनों से बातचीत की जाएगी और साथ ही 3 करोड़ पंजाबियों की सलाह भी ली जाएगी ताकि इस बिल में कोई त्रुटि न रहे। उन्होंने कहा कि यह कानून सलाह-मशविरा के बाद ही बनाया जाए क्योंकि यह सदियों तक चलेगा।
स्पीकर कुलतार सिंह संधवां ने भी इस पर सहमति जताई। इस फैसले के बाद अब यह बिल सेलेक्ट कमेटी को सौंपा जाएगा, जिसका गठन स्पीकर करेंगे। सेलेक्ट कमेटी लोगों की राय लेकर 6 महीने के अंदर अपनी रिपोर्ट देगी, जिसके बाद यह बिल पास हो जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि हम श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी को जीवित गुरु मानते हैं। पिछले कई सालों में हुई घटनाओं ने हर श्रद्धालु का दिल तोड़ा है, चाहे वे किसी भी धर्म से ताल्लुक रखते हों।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने सदन में डॉ. अंबेडकर साहिब जी की प्रतिमा को क्षतिग्रस्त किए जाने के मामले पर भी अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि बेअदबी के दोषी 2-3 साल बाद बाहर आकर फिर से चुनौती देने लगते हैं और उन्हें सम्मान मिलने लगता है, जिसके चलते यह कानून बहुत ज़रूरी है क्योंकि अगर बेअदबी के दोषियों को कड़ी सज़ा नहीं मिलेगी तो किसी को डर नहीं लगेगा।

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