चंडीगढ़, 10 जून 2026: तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव और सांसद अभिषेक बनर्जी गुरुवार शाम कथित फर्जी हस्ताक्षर मामले में पूछताछ के लिए CID मुख्यालय भवानी भवन पहुंचे।
वे शाम करीब 6 बजे CID कार्यालय पहुंचे और रात करीब 11:30 बजे तक उनसे लगातार पूछताछ चली।
कलकत्ता हाईकोर्ट ने बुधवार को उन्हें जांच में सहयोग करने का निर्देश देते हुए शाम 6 बजे CID के सामने पेश होने को कहा था। साथ ही अदालत ने उन्हें दो सप्ताह तक किसी भी प्रकार की कठोर कार्रवाई से अंतरिम राहत भी दे दी थी।
यह पूरा मामला पश्चिम बंगाल विधानसभा में विपक्ष के नेता के चयन से जुड़े प्रस्ताव पर कथित फर्जी हस्ताक्षरों का है। CID दो बागी TMC विधायकों ऋतब्रत बनर्जी और संदीपन साहा की शिकायत पर जांच कर रही है।
दोनों विधायकों ने आरोप लगाया था कि बालीगंज विधायक शोभनदेब चट्टोपाध्याय को विपक्ष का नेता बनाने वाले पार्टी प्रस्ताव पर उनके हस्ताक्षर जालसाजी से किए गए थे।
शिकायत के बाद विधानसभा सचिवालय ने कोलकाता पुलिस में FIR दर्ज कराई थी, जिसकी जांच बाद में CID को सौंप दी गई।
CID ने अभिषेक बनर्जी को पहले तीन बार पूछताछ के लिए बुलाया था, लेकिन वे विभिन्न कारणों का हवाला देकर पेश नहीं हुए। इसके बाद उन्होंने हाईकोर्ट में याचिका दायर कर गिरफ्तारी या अन्य कठोर कार्रवाई से सुरक्षा मांगी थी।
मामले की सुनवाई के दौरान जस्टिस कौशिक चंदा ने कहा था कि CID को जांच का पूरा अधिकार है और अभिषेक बनर्जी को इसमें सहयोग करना चाहिए।
ये भी देखें: कोलकाता नगर निगम ने अभिषेक बनर्जी पर की सख्ती, 17 से 21 संपत्तियों को लेकर भेजा नोटिस

More Stories
IRCTC की नई वेबसाइट 15 जुलाई तक लॉन्च होगी – अश्विनी वैष्णव
यूपी में आउटसोर्सिंग व्यवस्था को और पारदर्शी व कर्मचारी हितैषी बनाने के निर्देश
उत्तर प्रदेश में तीन तलाक और तेजाब हमले की पीड़िताओं को मिलेगा आवास योजना का लाभ