वॉशिंगटन, 17 जून : दुनिया के सात ताकतवर देशों के समूह जी-7 ने ईरान के साथ संघर्ष में इजरायल का साथ दिया है। जी-7 देशों ने अपने बयान में साफ कहा है कि वे इजरायल के साथ खड़े हैं। उन्होंने पश्चिम एशिया में अस्थिरता फैलाने के लिए ईरान को जिम्मेदार ठहराया है। बयान में क्षेत्र में शांति और स्थायी समाधान की जरूरत पर जोर दिया गया है। जी-7 ने साफ कर दिया है कि ईरान कभी भी परमाणु हथियार नहीं बना सकता।
ट्रंप ने चीन को जी-7 में शामिल करने की वकालत की
जी-7 शिखर सम्मेलन के दौरान ट्रंप ने समूह की महत्ता पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि 2014 में जी-7 से रूस को बाहर करना गलत था, जिससे दुनिया में अस्थिरता पैदा हुई। उन्होंने यह भी सुझाव दिया कि चीन को जी-7 में शामिल किया जाना चाहिए।
हमलों में दोनो देशों का जानी और माली नुकसान
इजराइल-ईरान संघर्ष पिछले पांच दिनों से जारी है। ईरान के स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार इजराइली हमलों में मरने वालों की कुल संख्या करीब 224 हो गई है। दूसरी ओर, ईरानी हमले से तेल अवीव, हाइफा और पेटाह टिकवा को भारी नुकसान पहुंचा है। इस संघर्ष में अब तक कम से कम 22 लोगों की जान जा चुकी है।
इजराइल-ईरान संघर्ष पिछले पांच दिनों से जारी है। ईरान के स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार इजराइली हमलों में मरने वालों की कुल संख्या करीब 224 हो गई है। दूसरी ओर, ईरानी हमले से तेल अवीव, हाइफा और पेटाह टिकवा को भारी नुकसान पहुंचा है। इस संघर्ष में अब तक कम से कम 22 लोगों की जान जा चुकी है।

More Stories
खामेनेई की अंतिम यात्रा के बीच ईरान ने होर्मुज में फिर शुरू किए हमले
सुरक्षा कारणों से अली खामेनेई की अंतिम संस्कार में मुजतबा खामेनेई नहीं होंगे शामिल
लाहौर में निर्माणाधीन इमारत में चल रहे स्कूल की छत गिरी, 14 बच्चों की मौत, 20 घायल