March 7, 2026

पंजाब में स्वास्थ्य ढांचे को मजबूती: सात नए मेडिकल कॉलेज खोले जाएंगे

पंजाब में स्वास्थ्य ढांचे को मजबूती...

चंडीगढ़, 6 मार्च 2026: पंजाब सरकार ने राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं और मेडिकल शिक्षा को मजबूत करने के लिए बड़ा कदम उठाते हुए सात नए मेडिकल कॉलेज स्थापित करने की घोषणा की है। यह घोषणा पंजाब के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री Dr. Balbir Singh ने की। उन्होंने बताया कि इन कॉलेजों के शुरू होने से एमबीबीएस की सीटों में करीब 600 सीटों की बढ़ोतरी होगी, जिससे पंजाब के छात्रों को मेडिकल शिक्षा के लिए विदेश जाने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी।

होशियारपुर में मेडिकल कॉलेज का निर्माण 20 मार्च से

स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि Bhagwant Singh Mann के नेतृत्व में राज्य में स्वास्थ्य सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए ठोस कदम उठाए जा रहे हैं। इसी क्रम में होशियारपुर में Shaheed Udham Singh State Institute of Medical Sciences का निर्माण कार्य 20 मार्च 2026 से शुरू होगा।
करीब 274.75 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाला यह प्रोजेक्ट 24 महीनों में पूरा होगा और मार्च 2028 तक तैयार होने की उम्मीद है। इस संस्थान में 300 बेड का अस्पताल और 100 एमबीबीएस सीटों वाला मेडिकल कॉलेज स्थापित किया जाएगा।

डॉ. बलबीर सिंह ने यह भी घोषणा की कि पटियाला, अमृतसर और फरीदकोट के मेडिकल कॉलेजों को सुपर-स्पेशियलिटी सेवाएं देने के लिए पोस्ट ग्रेजुएट इंस्टीट्यूट स्तर तक अपग्रेड किया जाएगा।

अल्पसंख्यक और निजी संस्थानों की भागीदारी

सरकार ने लहरागागा में जैन समाज द्वारा मेडिकल कॉलेज बनाने के लिए जमीन लीज पर दी है। वहीं मालेरकोटला में मुस्लिम समुदाय द्वारा मेडिकल कॉलेज स्थापित करने के लिए डीपीआर केंद्र सरकार को भेज दी गई है। इसके अलावा लुधियाना के पास भी एक निजी मेडिकल कॉलेज बनाया जा रहा है।

मंत्री ने बताया कि वर्तमान में पंजाब में 13 मेडिकल कॉलेज हैं, जिनमें लगभग 1900 एमबीबीएस सीटें हैं। नए कॉलेज बनने के बाद इन सीटों में करीब 600 सीटों की वृद्धि होगी, जिससे राज्य के छात्रों को यूक्रेन, चीन और नेपाल जैसे देशों में मेडिकल पढ़ाई के लिए जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी।

आधुनिक सुविधाओं से लैस होगा संस्थान

होशियारपुर में बनने वाले इस मेडिकल संस्थान में पांच मंजिला अस्पताल और तीन मंजिला मेडिकल कॉलेज भवन होगा। इसमें आधुनिक प्रयोगशालाएं, लाइब्रेरी, 500 सीटों वाला ऑडिटोरियम और उन्नत डायग्नोस्टिक सुविधाएं जैसे एमआरआई और सीटी स्कैन उपलब्ध होंगे। अस्पताल में आईसीयू, जनरल सर्जरी, ऑर्थोपेडिक्स और मनोविज्ञान जैसी विशेष सेवाएं भी प्रदान की जाएंगी।