May 4, 2026

हिमाचल में कुदरत का कहर: तेज हवाओं और बारिश से भारी तबाही

हिमाचल में कुदरत का कहर: तेज हवाओं...

शिमला, 4 मई : शिमला सहित हिमाचल प्रदेश के कई इलाकों में रविवार सुबह तेज आंधी और बारिश ने भारी तबाही मचाई। 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चली हवाओं ने आम जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया। जुब्बल और शिलाई विधानसभा क्षेत्रों के लानी बोर्ड समेत कई जगहों पर घरों की छतें उड़ गईं। तेज हवाओं के कारण कई स्थानों पर पेड़ जड़ से उखड़ गए, जिससे नुकसान और बढ़ गया।

घर की छतें उड़ीं, पेड़ उखड़े, व्यवस्था ठप

शिमला के बेनमोर वार्ड में बिजली गिरने से एक पेड़ दो हिस्सों में टूट गया। हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी में पेड़ गिरने से बिजली आपूर्ति और यातायात बाधित हो गया। सोलन के कथेड में 33 केवी की मुख्य बिजली लाइन क्षतिग्रस्त हो गई, जबकि ऊना जिले में भी कई इलाकों में बिजली गुल रही। काला अंब–पांवटा साहिब राष्ट्रीय राजमार्ग पर बोहलियां के पास पेड़ गिरने से सड़क जाम हो गई। दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं, जिससे यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।

तूफान और ओलावृष्टि से गेहूं, जौ, मटर और सेब की फसलों को भारी नुकसान हुआ है। ऊंचाई वाले क्षेत्रों में सेब की सेटिंग प्रभावित हुई है, वहीं आड़ू और खुबानी की फसल को भी नुकसान पहुंचा है।

कहां कितनी हुई बारिश

प्रदेश में पालमपुर में 38 मिमी, रामपुर में 32 मिमी, रोहड़ू में 25 मिमी, सराहन में 28 मिमी और बिलासपुर में 24 मिमी बारिश दर्ज की गई। बारिश और बर्फबारी के चलते प्रदेश में ठंड फिर बढ़ गई है। अधिकतम तापमान में करीब 9.5 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट दर्ज की गई है। मौसम विभाग ने 4 और 5 मई को चंबा, कांगड़ा, मंडी, कुल्लू और शिमला में तेज हवाओं और ओलावृष्टि का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। 7 मई तक पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय रहने की संभावना जताई गई है, जिससे ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी और निचले क्षेत्रों में बारिश जारी रह सकती है।

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